चंदौली के मयंक ने SSC CGL में मारी बाजी, 61वीं रैंक हासिल कर बने AEO
किसान पुत्र मयंक प्रकाश कुशवाहा की मेहनत लाई रंग, गांव नोनार तुलसी आश्रम में खुशी की लहर

रिपोर्ट: लारेंस सिंह
चंदौली जनपद के नोनार तुलसी आश्रम गांव के होनहार मयंक प्रकाश कुशवाहा ने कर्मचारी चयन आयोग (SSC) की संयुक्त स्नातक स्तरीय (CGL) परीक्षा में अखिल भारतीय स्तर पर 61वीं रैंक हासिल कर सहायक प्रवर्तन अधिकारी (AEO) के पद पर चयनित होकर जिले का नाम रोशन किया है।
बुधवार को जैसे ही परिणाम घोषित हुआ, मयंक के घर बधाई देने वालों का तांता लग गया। परिजनों और ग्रामीणों ने मिठाई बांटकर खुशी जाहिर की।
मयंक एक किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उनके पिता जयप्रकाश कुशवाहा खेती कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। मयंक ने अपनी शुरुआती पढ़ाई गांव के सरकारी स्कूल से की, इसके बाद उन्होंने हरिद्वार राय इंटर कॉलेज से हाईस्कूल और राष्ट्रीय इंटर कॉलेज, कमलापुर से इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी की। स्नातक की शिक्षा स्वामी शरण डिग्री कॉलेज से प्राप्त की।
मयंक की सफलता की राह आसान नहीं रही। एक समय उनका चयन भारतीय वायु सेना में हुआ था, लेकिन भर्ती प्रक्रिया रद्द हो गई, जिससे उन्हें बड़ा झटका लगा। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और दोगुनी मेहनत के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ते रहे। वर्तमान में वह बेंगलुरु में MSME मंत्रालय में अपर डिवीजन क्लर्क के पद पर कार्यरत हैं।
अब उनका चयन वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग के अंतर्गत प्रवर्तन निदेशालय (ED) में सहायक प्रवर्तन अधिकारी के पद पर हुआ है, जो वित्तीय अनियमितताओं और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे मामलों की जांच करता है।
मयंक के चाचा डॉ. सूबेदार कुशवाहा के अनुसार, वह बचपन से ही मेधावी और अनुशासित रहे हैं। उनकी इस सफलता से पूरे क्षेत्र में गर्व और उत्साह का माहौल है।
मयंक ने कहा कि निराशा के क्षणों में भी उन्होंने अपने लक्ष्य को नहीं छोड़ा और वायु सेना की भर्ती रद्द होना ही उनकी सबसे बड़ी प्रेरणा बन गया।



